🔥देपला आश्रम में अतिरिक्त कक्ष निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल, सरपंच-सचिव एक-दूसरे पर लगा रहे आरोप!🔥
किसी ने कहा पूर्व सरपंच की कारास्तानी तो किसी ने कहा सचिव जाने ।
आश्रम अधिक्षक ने भी माना की कार्य सही नहीं हुआ है । जितने भी खिड़की पल्ले लगे हैं कोई न खुलते हैं न ही बंद होते हैं
🔥निर्माण कार्य में कथित अनियमितता की चर्चा, जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका पर भी उठे सवाल।🔥
बीजापुर। (छ ग)
पिछले वर्षों से देपला आश्रम में बन रहे अतिरिक्त कक्ष के निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर सवाल उठने लगे हैं। निर्माण कार्य में कथित तौर पर गुणवत्ताविहीन सामग्री और निर्माण मानकों की अनदेखी किए जाने के आरोप सामने आ रहे हैं। ऐसे में निर्माण कार्य की वास्तविक स्थिति और गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच की मांग उठना लाजिमी है।
मामले में पंचायत के सचिव सरपंच पर जिम्मेदारी डाल रहे हैं, वहीं सरपंच का कहना है कि इस कार्य के संबंध में सचिव और पूर्व सचिव ही जानकारी दे सकते हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर निर्माण कार्य की जिम्मेदारी किसकी थी और यदि कार्य में अनियमितता हुई है, तो इसके लिए जवाबदेह कौन है?
सबसे बड़ा सवाल यह है कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता की निगरानी करने वाले संबंधित इंजीनियर ने समय-समय पर निरीक्षण किया या नहीं? यदि निरीक्षण किया गया, तो कथित खामियों पर ध्यान क्यों नहीं दिया गया? और यदि निरीक्षण नहीं हुआ,
तो इसके लिए जिम्मेदार अधिकारी कौन हैं?
अब देखना यह होगा कि संबंधित विभाग के जिम्मेदार अधिकारी मामले को गंभीरता से लेते हुए निर्माण कार्य की तकनीकी जांच कराएंगे और दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई करेंगे, या फिर यह मामला भी जांच और कार्रवाई के अभाव में ठंडे बस्ते में चला जाएगा।
जनता की मांग है कि निर्माण कार्य की निष्पक्ष तकनीकी जांच कराई जाए, गुणवत्ता की स्थिति सार्वजनिक की जाए और दोषी पाए जाने वाले जिम्मेदार लोगों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।